चीन ने ढूँढा पाकिस्तान की मदद करने का ये नया तरीका, भारतीय जवानों के लिए साबित हो रहा है जानलेवा! 

अगर आपको याद हो तो 31 दिसम्बर के दिन कश्मीर के पुलवामा में CRPF पर एक बड़ा आतंकी हमला हुआ था| और इस घटना में हमारे 5 जवानों ने अपनी जान गवां दी थी|

लेकिन सब इस बात को लेकर हैरत में पड़ गये थे कि ये जवान बुलेटप्रूफ जैकेट्स पहनने के बावजूद कैसे शहीद हो गये! 

जी हाँ! बुलेट प्रूफ जैकेट्स पहनने के बाद भी जवानों का ये हाल देखकर सुरक्षा एजेंसियां भी सदमे में आ गयीं थीं| यहाँ तक कि इस घटना ने हमारे गृह मंत्रालय में भी खासी खलबली मचा दी थी|

लेकिन आखिरकार अब ख़ुफ़िया जांच में सारा सच सामने आ ही गया! गहन जांच में पाया गया कि बुलेट प्रोफ जैकेट्स बिलकुल दुरुस्त हैं और किसी भी तरह की कोई खराबी नहीं है| काफी माथापच्ची के बाद जवानो के शरीर में लगी गोलियां जांच के लिए निकाली गयीं और फिर हुआ सबसे बड़ा खुलासा|

दुश्मन ने किया था ख़ास किस्म की गोलियों का, लेकिन कहाँ से आयीं ये गोलियां? 

जांच में पता चला कि दूसरी तरफ से बुलेट प्रूफ किट को भेदने में सक्षम गोलियों का इस्तेमाल हुआ था| और ये गोलियां बिलकुल ख़ास किस्म की हैं| फिर जांच इस बात को लेकर आगे बधाई गयी कि आखिर इन गोलियों का सोर्स क्या है|

फिर अंतिम रिपोर्ट में ये खुलासा हुआ कि इन आतंकवादियों की मदद चीन कर रहा है| ध्यान रहे कि चीन में ऐसी गोलियों का निर्माण होता है, जो एक ख़ास तरह के स्टील से बनी होती हैं जो बुलेट प्रूफ जैकेट्स को भी भेद सकती हैं| और इस तरह के हथियारों की सप्लाई आंतकियों के लिए चीन ही कर रहा है|

गोलियों में ताम्बे की जगह हुआ है स्टील का इस्तेमाल

आतंकवादी अब ऐसी गोलियों का इस्तेमाल कर रहे हैं जिनका अगला भाग ताम्बे कि बजाये स्टील का बना होता है| ये गोलियां सुरक्षा कवच को भेद कर सीना छलनी करने में सक्षम हैं| गृह मंत्रालय के मुताबिक़ पहले जवान डटकर सामने से गोलियों का मुकाबला कर पाते थे, लेकिन AK-47 से चलाई जाने वाली इन गोलियों की मार काफी ज्यादा है|

अब क्योंकि आतंकी इतने ऊंचे स्तर के हथियार इस्तेमाल करने लग गये हैं, आने वाले समय में सेना से लेकर हमारे VIP लोगों के लिए खतरा बढ़ा है| और इसके लिए काफी हद तक चीन की गद्दारी कारण है| इसके तोड़ के रूप में हमें अब जल्द ही अपने सुरक्षा इंतजामों को फिर से नए सिरे से चुस्त दुरुस्त करना होगा|

Source: Zee News 

By: Sharma on Friday, January 12th, 2018