नमाज़ का वक़्त था, जाम में फसे मुसलमानों को देख हिंदूओं ने कर दिया ये शानदार काम

जहाँ एक ओर देश में कुछ लोग हिंदू-मुस्लिम भाईचारे में नफरत का प्रचार कर रहे हैं, वहीँ दूसरी और बुलंदशहर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने एकता की एक नई मिसाल कायम कर दिखाई है. इस घटना को देखते हुए यह कहना बिलकुल गलत नहीं होगा कि हम सभी इंसान एक समान हैं.

दरअसल, बुलंदशहर के जैनपुर गाँव में रविवार(2 दिसंबर) को कुछ ऐसा हुआ, जिसने हिंदू-मुस्लिम की एकाग्रता की नई उदाहरन पेश कर दी है. दरअसल, रविवार को जाम में फंसे मुसलमान भाईओं की नमाज़ का समय हो रहा था ऐसे में हिंदू समुदाय ने उनके लिए शिव मंदिर के द्वार खोल दिए और उनके लिए तत्काल पानी का इंतज़ाम किया. इस दौरान मुस्लिमों ने अपनी नमाज़ अदा की और मंदिर खोलने के लिए  शुक्रिया कहा.

बता दें कि 1 दिसंबर से बुलंदशहर में अंतरराष्ट्रीय धार्मिक सम्मेलन ‘इज्तेमा’ शुरू हो चुका है. ऐसे में मुस्लिम समुदाय के लोग इस सम्मेलन का हिस्सा बन्ने के लिए दूर दूर से आ रहे हैं. वहीँ रविवार को कुछ मुस्लिम जब जैनपुर गाँव के नज़दीक पहुंचे तो उनकी नमाज़ का समय हो गया. ऐसे में जाम में फंसे होने के कारण कुछ हिंदू भाईयों ने उनके लिए शिव मंदिर के दरवाजे खुलवा दिए और उनके लिए अन्न जल का प्रबंध किया. एकता की इस मिसाल के लिए हर कोई जैनपुर के लोगों की तारीफ़ कर रहा है.

रिपोर्ट्स के अनुसार रविवार को इज्तेमा का दूसरा दिन था ऐसे में काफी लंबा जाम लगा हुआ था जिसके कारण वहां मौजूद मुस्लिम भाई जौहर की नमाज़ को लेकर चिंतित थे. लेकिन वहां रहने वाले कुछ हिंदू समुदाय के लोगों ने गाँव के प्रधान से मंदिर परिसर का दरवाज़ा खोलने की इजाजत ली और समय पर मुस्लिमों को नमाज़ के लिए मंदिर में प्रवेश करवाया.

उन्होंने इस बात का ख़ास ख्याल रखा कि किसी भी मुस्लिम भाई को मंदिर में नमाज़ पढ़ते समय किसी चीज़ में दिक्कत ना आए इसलिए उन्होंने उनके लिए तुरंत जल का इंतज़ाम किया.

News Source

By: Staff on Wednesday, December 5th, 2018